ऑयल फैक्ट्री अचानक बंद, सैकड़ों मज़दूर बेरोज़गार

तेलंगाना के वारंगल के उपनगरीय इलाके में स्थित महालक्ष्मी कॉटनसाइड ऑयल इंडस्ट्रीज के अचानक बंद हो जाने से सैकड़ों कर्मचारी बेरोजगर हो गए।

बीते बुधवार को सभी कर्मचारियों ने कार्यालय के सामने धरना दिया और प्रबंधन पर साजिशन उद्योग बंद करने का आरोप लगाया है।

कर्मचारियों का आरोप है कि प्रबंधन ने कारखाने को बंद करने के पीछे दिवालिया होने का कारण बताया है।

और बिना किसी नोटिस दिए एक दिन पहले कारखाना बंद होने की सूचना दी।

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बिना नोटिस के कारखाना बंद करने की घोषणा

कर्मचारियों का कहना है कि श्रम अधिनियम के अनुसार, प्रबंधन को तीन महीने पहले कारखाना बंद करने का नोटिस देना चाहिए था।

मज़दूर राजू गौड़ बताते हैं कि यहां बहुत से कर्मचारी लंबे समय से कार्यरत हैं।

जिनमें तेल निकालने वाली इकाई में 120 परमानेंट कर्मचारी हैं।

और वहीं दैनिक मजदूरी के आधार पर 130 अन्य कर्मचारी काम करते हैं।

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सीटू के नेता भी कर्मचारियों के समर्थन में

सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियंस (सीटू) के नेता भी कर्मचारियों के विरोध प्रर्दशन में शामिल हुए।

हालांकि कारखाना प्रबंधन का कहना है कि वित्तीय संकट के कारण कारखाने को कुछ समय तक बंद किया गया है।

स्थिति में सुधार होने पर अक्टूबर में कारखाने को फिर से खोलने की संभावना हो सकती है।

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