निजीकरण के ख़िलाफ़ अब रेलकर्मियों ने 11 दिनों के प्रदर्शन का फूंका बिगुल

वेस्ट सेन्ट्रल रेलवे एम्पालॉईज़ यूनियन ने अपनी मुख्य मांगों को लेकर 26 अगस्त से 6 सितम्बर तक पूरे पश्चिम मध्य रेलवे में शाखा स्तर पर विरोध प्रदर्शन का फैसला लिया है।

दरअसल सरकार द्वारा रेलवे को निजी हाथों में बेचने से रेलवे कर्मचारियों की नौकरियों पर खतरा मंडराने लगा है।

निजीकरण के बाद से कर्मचारियों की सारी सुविधाओं को समाप्त कर दिया गया जिसके विरोध में अपनी मांगो को लेकर एम्पलाईज यूनियन ने रैली निकालकर विरोध प्रदर्शन करने का फैसला किया है

ये हड़ताले यूनियन अध्यक्षों के नेतृत्व में 11 दिन तक तीन अलग-अलग एडीईएन कार्यालयों पर कोटा मडल, भोपाल मडल और जबलपुर मडल में होंगी।

रेलवे एम्पालॉईज़ यूनियन की मुख्य मांगें-

1-भारतीय रेलवे में इंडियन रेलवे रोलिंग स्टॉक कंपनी बनाने का प्रस्ताव वापस लेकर उत्पादन इकाईयों को मजबूती दी जाए और स्वतंत्र रूप से कार्य करने का अधिकार दिया जाए।

2-नई राष्ट्रीय पेंशन योजना के स्थान पर पुरानी पेंशन योजना बहाल की जाए।

3-यूनियन की मान्यता के चुनाव तुरंत कराएं जाएं।

4-ट्रेकमेन्टेनर को 10:20:20:50 के अनुपात में देव तिथि से पदोन्नति अविलम्ब लागू करके एरियर का शीघ्र किया जाए।

5.ट्रेक मेन्टेनर के अन्य विभागों में समायोजन हेतु आयु-सीमा की बाध्यता समाप्त करो। लार्जेज में नियुक्त की प्रथा बहाल की जाएं।

6-वरिष्ठ ग्रुप सी पर्यवेक्षको को राजपत्रित ग्रुप बी का दर्जा शीघ्र प्रदान करो।

7-रेलवे बोर्ड के दिनांक 09 जुलाई 2019 के आदेश जिसमें कर्मचारियों की 33 वर्ष की सेवा पूरी हो जाने और 55 वर्ष की आयु होने पर उनके कार्य की समीक्षा कर उनको सेवानिवृति दिये जाने का आदेश दिया गया है, को समाप्त कर रेल कर्मचारियों को इस आदेश से भयमुक्त किया जाए।

8-सभी विभागों में कार्य के घंटे 12 से 8 घंटे किये जाये।

9-सभी विभाग के सुपरवाईजरों का रोस्टर 08 घंटे और साप्ताहिक विश्राम सुनिश्चित किया जाये।

10-चैकिंग स्टाफ क रनिंग स्टाफ की सुविधा दी जाये।

11-7वें वेतन आयोग में वेतन निर्धारण के समय निचली स्टेज पर किये गये फिक्सेशन को वंचिंग मानते हुये अपर स्टेज पर फिक्सेशन कर एरियर का भुगतान किया जाये।

12-रेलवे कॉलोनी गैंगचाल की सफाई, रुफ लिकंज, फर्श, ड्रेनेज, पीने का पानी, बिजली व्यवस्था में सुधार किया जाये।

13-सीधी भर्ती क्वोटे में सभी विभागों में ट्रेकमेन्टेनरों से भरा जाये एवं सीधी भर्ती केवल इंजीनियरिंग विभागों से की जायें।

14-डब्लयूसीआरईयू की स्थाई वार्ता तंत्र की बैठक में लिए निर्णय अनुसार पालन किया जाये।

15-सभी विभागों के कर्मचारियों की सीआर जून महिने में पूरी करके प्रतिलिपी दी जाये और तुरंत बचे हुये कर्मचारियों के एमएसीपीएस के आदेश जारी किये जाये।

16.सभी कर्मचारियों को आवास आवंटन उनकी हकदारिता के अनुसार आवांटित किये जाये और जबरदस्ती आवांटित आवासों को निरस्त कर एचआरए का भुगतान किया जाये।

17.वैगन रिपेयर शॉप और सीआरडब्लयूएस में बढ़ी हुई दर से इन्सेंटिव के एरियर का भुगतान शीघ्र किया जाये।

18-7वें वेतन आयोग के अनुसार लीव एलाउंस, नाईट डयूटी एलाउंस, किमी रेंट एलाउंस ऑवर टाईम एलाउंस का भुगतान शीघ्र किया जायें।

19-पश्चिम मध्य रेलवे में कार्यरत मुख्य लोको निरीक्षकों को स्टेपिंग अप का लाभ प्रदान किया जायें और सहायक लोको पायलेट को काउंसिल करने के लिये सीएलआई के अलग से पद सृजित किया जाये।

20-महिला लोको पायलेट, ट्रेकमैंटेनस स्टाफ को अन्य विभागों में समायोजित किया जाये।

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